Question:medium

‘जहाँ कोई वापसी नहीं’ पाठ में शरणार्थी किन्हें कहा गया है ? वे अपने ही देश में शरणार्थी कैसे बन गए ?

Show Hint

ऐसे प्रश्नों में ऐतिहासिक और भावनात्मक दोनों दृष्टिकोणों को उत्तर में शामिल करना चाहिए।
Updated On: Jan 14, 2026
Show Solution

Solution and Explanation

‘जहाँ कोई वापसी नहीं’ पाठ में कश्मीरी पंडितों को विस्थापित बताया गया है। वर्षों से कश्मीर में निवास करने वाले, स्थानीय संस्कृति, भाषा और परंपराओं से जुड़े इन लोगों को आतंकवाद, हिंसा और धार्मिक कट्टरता के कारण अपने घरों से भागना पड़ा।
इन विस्थापितों ने अपने ही देश में शरण ली — जम्मू, दिल्ली और अन्य राज्यों में अस्थायी शिविरों में रहकर जीवन यापन किया। वे असल में बेघर हो गए। उन्हें पूरी तरह से कश्मीरी भी नहीं माना गया और न ही कहीं और नागरिक के रूप में स्वीकार किया गया। इसलिए, लेखक ने उन्हें “ऐसे विस्थापित जिनकी वापसी नहीं” कहा।
Was this answer helpful?
0