Question:medium

निम्नलिखित प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़कर किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 40 शब्दों में लिखिए :

‘कवि-कर्म शाश्वत है’ – कैसे ? ‘छोटा मेरा खेत’ कविता के आधार पर उदाहरण सहित स्पष्ट कीजिए।

Show Hint

कविता का रस कभी खत्म नहीं होता, जबकि खेत की फ़सल खत्म हो जाती है। इसलिए कवि-कर्म शाश्वत है।
Updated On: Oct 27, 2026
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Solution and Explanation

चरण 1: रूपक को समझना:
उमाशंकर जोशी ने ‘छोटा मेरा खेत’ में कविता लिखने की क्रिया को खेती का रूपक दिया है। कागज़ का चौकोर पन्ना छोटा-सा खेत है, जिसमें कवि भाव बोता है।

चरण 2: खेती और कविता की समानता:
खेत में बीज बोने के बाद पानी और खाद से पौधा उगता है। इसी तरह कवि के मन में भाव का बीज कल्पना के रस से पोषित होकर शब्दों में फूटता है और कविता की पूरी फ़सल तैयार हो जाती है।

चरण 3: अंतर और उदाहरण:
अनाज की फ़सल एक बार काटी जाए तो समाप्त हो जाती है। कविता की फ़सल को जितनी बार पढ़ा जाए, उसका रस उतना ही मिलता है, कम नहीं होता। कबीर और तुलसी की कविताएँ आज भी पाठकों को आनंद और प्रेरणा देती हैं। इसीलिए कवि-कर्म को शाश्वत कहा गया है।

चरण 4: संक्षिप्त उत्तर (लगभग 40 शब्द):
कविता रूपी फ़सल कवि के भाव-बीज और कल्पना के रस से उगती है। अनाज की फ़सल कटकर खत्म हो जाती है, पर कविता का रस कभी नहीं सूखता। हर युग का पाठक उसका आनंद लेता है, इसलिए कवि-कर्म शाश्वत माना गया है।

अंतिम उत्तर:
कविता का रस अक्षय है और सदा बाँटा जा सकता है, इसलिए कवि-कर्म शाश्वत है।
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