Question:easy

'हरी घास पर क्षण भर' काव्यकृति के रचयिता हैं:

Updated On: Sep 24, 2026
  • 'अज्ञेय'
  • गिरिजाकुमार माथुर
  • सर्वेश्वर दयाल सक्सेना
  • भवानी प्रसाद मिश्र
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The Correct Option is A

Solution and Explanation

चरण 1: कवि का परिचय:
अज्ञेय का पूरा नाम सच्चिदानन्द हीरानन्द वात्स्यायन था। वे प्रयोगवादी काव्यधारा के प्रवर्तक थे और उन्होंने ‘तारसप्तक’ का सम्पादन किया था।

चरण 2: उनकी काव्य-रचनाएँ:
उनकी प्रमुख काव्यकृतियाँ ‘भग्नदूत’, ‘इत्यलम्’, ‘हरी घास पर क्षण भर’, ‘बावरा अहेरी’, ‘आँगन के पार द्वार’ और ‘कितनी नावों में कितनी बार’ हैं। इनमें ‘हरी घास पर क्षण भर’ सन् 1949 में प्रकाशित हुई।

चरण 3: छाँटकर उत्तर तक पहुँचना:
गिरिजाकुमार माथुर, सर्वेश्वर दयाल सक्सेना और भवानी प्रसाद मिश्र की रचनाओं की सूची में यह नाम नहीं आता। इसलिए विकल्प (B), (C) और (D) गलत हैं।

अंतिम उत्तर:
‘हरी घास पर क्षण भर’ के रचयिता (A) ‘अज्ञेय’ हैं।
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